प्रश्नकाल में शिक्षा,डिजिटल लर्निंग,खेल, स्वच्छता,स्वास्थ्य,करियर एवं नवाचार जैसे मुद्दों पर हुई सार्थक चर्चा।
थौलधार/मैण्डखाल।।पीएम श्री राजकीय इंटर कॉलेज मैण्डखाल में स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर छात्र युवा संसद सत्र 2026-27 का आयोजन किया गया।
प्रवक्ता श्री सुशील गौड़ के मार्गदर्शन में आयोजित छात्र युवा संसद में विद्यार्थियों ने लोकतांत्रिक संसदीय कार्यप्रणाली का जीवंत प्रदर्शन करते हुए सरकार और विपक्ष की भूमिका निभाई।
सदन की कार्यवाही का शुभारंभ वंदे मातरम् से हुआ।
सत्र की शुरुआत राष्ट्रपति रानी चौहान, कक्षा 12वीं ए के अभिभाषण से हुई। उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों को नमन करते हुए विद्यार्थियों से अपने अधिकारों के साथ-साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का आह्वान किया।
उन्होंने शिक्षा, खेल, स्वच्छता, नवाचार, अनुशासन और विद्यार्थियों की प्रतिभा को बढ़ावा देने पर जोर देते हुए विद्यालय के विकास में विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी की अपील की।
इसके बाद लोकसभा अध्यक्ष अदिति खंडूड़ी, कक्षा 11वीं ए ने सदन की कार्यवाही आगे बढ़ाई और प्रश्नकाल की घोषणा की।
नेता प्रतिपक्ष आर्यन, कक्षा 9वीं ने सरकार के कार्यों में सुधार को लेकर सवाल उठाए,जबकि प्रधानमंत्री संध्या जुयाल, कक्षा 11वीं ए ने सरकार द्वारा विद्यालय विकास के लिए किए जा रहे कार्यों और आगामी योजनाओं की जानकारी सदन के समक्ष रखी।
प्रश्नकाल में उठे विद्यार्थियों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दे
शिक्षा मंत्री कशिश कलूडा से ‘लेख सुधारो अभियान’ को लेकर सवाल किया गया।
मंत्री ने बताया कि सुंदर लेखन से विद्यार्थियों की लिखने की गति, स्पष्टता और प्रस्तुति में सुधार होता है।
विद्यार्थियों के बीच ‘सुंदर लेख मित्र’ बनाकर एक-दूसरे की लिखावट सुधारने में सहयोग देने की योजना बताई गई।
डिजिटल शिक्षा मंत्री स्नेहा भट्ट ने AI एवं डिजिटल शिक्षा के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि विद्यार्थियों को ChatGPT, Gemini सहित अन्य AI Tools के सुरक्षित एवं रचनात्मक उपयोग की जानकारी दी जा रही है। PPT बनाने में दक्ष विद्यार्थियों को ‘Digital Champion’ बनाकर अन्य विद्यार्थियों को प्रशिक्षित करने की पहल पर भी चर्चा हुई।
पुस्तकालय एवं सामान्य ज्ञान मंत्री ममता ने ‘News Reading Corner’ की योजना बताते हुए कहा कि इससे विद्यार्थियों में समाचार पढ़ने, समझने और उसका सार अपनी भाषा में प्रस्तुत करने की आदत विकसित होगी,जिससे सामान्य ज्ञान और आत्मविश्वास दोनों बढ़ेंगे।
खेल मंत्री अमन डबराल ने विद्यालय में खेल गतिविधियों को बढ़ावा देने की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि प्रार्थना से पहले 7 से 7:15 बजे तथा इंटरवल में 10:10 से 10:40 बजे तक खेल गतिविधियों के लिए समय निर्धारित किया गया है।
वॉलीबॉल, कबड्डी, खो-खो और बैडमिंटन जैसे खेलों में विद्यार्थियों की भागीदारी बढ़ाने तथा प्रत्येक कक्षा की अपनी खेल टीम तैयार करने का लक्ष्य रखा गया है।
पर्यावरण एवं स्वच्छता मंत्री कशिश रमौला ने विद्यालय को प्लास्टिक फ्री बनाने, सिंगल यूज प्लास्टिक से बचने तथा व्यक्तिगत, कक्षा और विद्यालय स्तर पर स्वच्छता बनाए रखने की जानकारी दी।
अनुशासन मंत्री दिव्या रतूड़ी ने ‘Washroom Pass’ व्यवस्था के बारे में बताया कि इसका उद्देश्य कक्षा में अनावश्यक आवागमन को नियंत्रित करना और अनुशासन बनाए रखना है। साथ ही विद्यार्थियों को स्वच्छ शौचालय और हाथ धोने के प्रति जागरूक करने पर जोर दिया गया।
नेतृत्व एवं आयोजन मंत्री अंकिता चौहान ने कार्यक्रमों में विद्यार्थियों की जिम्मेदारियां निर्धारित करने की योजना रखी।इसमें एंकरिंग, स्वागत, मंच व्यवस्था, अतिथि सत्कार, समय प्रबंधन एवं कार्यक्रम संचालन जैसी जिम्मेदारियां शामिल हैं।
समाज सेवा एवं जागरूकता मंत्री सोनम ने सामाजिक एवं विद्यालय से जुड़े विषयों पर विद्यार्थियों द्वारा नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत करने की योजना की जानकारी दी।
वित्त एवं उद्यमिता मंत्री राधिका रावत ने विद्यार्थियों को बचत, बैंकिंग, UPI, बजट एवं धन के सही उपयोग की जानकारी देने के साथ ही बिजनेस आइडिया और उद्यमिता के लिए प्रेरित करने की बात कही।
नवाचार एवं छात्र प्रतिभा मंत्री अंजली खंडूड़ी ने प्रत्येक कक्षा के विद्यार्थियों की प्रतिभाओं की सूची तैयार करने और प्रतिभावान विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रस्तुत करने एवं अन्य विद्यार्थियों को सिखाने का अवसर देने की बात कही।
सूचना, मीडिया एवं अभिलेख मंत्री वैष्णवी नौटियाल ने कविता, कहानी, आत्मकथा, संस्मरण एवं लेख लेखन के माध्यम से विद्यार्थियों की साहित्यिक प्रतिभा को बढ़ावा देने की योजना रखी।
श्रेष्ठ रचनाओं को विद्यालय के नोटिस बोर्ड एवं अन्य माध्यमों से प्रदर्शित करने की बात कही गई।
पूर्व छात्र एवं करियर काउंसिलिंग मंत्री वैष्णवी जोशी ने विद्यालय के सफल पूर्व छात्रों को विद्यालय से जोड़ने और उन्हें विद्यार्थियों के साथ अपने अनुभव एवं सफलता की कहानी साझा करने के लिए आमंत्रित करने की योजना बताई।
स्वास्थ्य एवं विद्यालय के परीक्षा परिणाम पर भी हुई चर्चा
स्वास्थ्य मंत्री हिमांशु से विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने को लेकर सवाल किया गया। उन्होंने प्रत्येक विद्यार्थी की लंबाई और वजन का रिकॉर्ड तैयार कर BMI के आधार पर स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन देने की योजना बताई।
आवश्यकता के अनुसार अभिभावकों और शिक्षकों के सहयोग से खान-पान, व्यायाम एवं स्वास्थ्य संबंधी उचित सलाह देने की बात कही गई।
वहीं विद्यालय के परीक्षा परिणाम में सुधार को लेकर भी शिक्षा मंत्री से सवाल किया गया। शिक्षा मंत्री कशिश ने कमजोर विद्यार्थियों को अतिरिक्त सहयोग, नियमित अध्ययन, हैंडराइटिंग सुधार, अंग्रेजी एवं विषयवार सहायता जैसी गतिविधियों को बढ़ावा देने की बात कही।
विपक्ष के सवाल पर प्रधानमंत्री ने दिया महत्वपूर्ण जवाब
सत्र के अंतिम चरण में नेता प्रतिपक्ष आर्यन ने प्रधानमंत्री से सवाल किया कि सरकार द्वारा बनाई गई योजनाएं केवल कागजों तक सीमित न रहें, इसके लिए उन्हें धरातल पर उतारने की क्या व्यवस्था होगी?
इस पर प्रधानमंत्री संध्या जुयाल ने कहा कि छात्र युवा संसद केवल भाषण देने का मंच नहीं, बल्कि विद्यालय में सकारात्मक बदलाव लाने का माध्यम है। सभी मंत्री अपने-अपने कार्यों की Action Report तैयार करेंगे और समय-समय पर उसकी समीक्षा की जाएगी।
उन्होंने कहा कि कार्य कक्षा अध्यापकों, विषय अध्यापकों, पीएम श्री प्रभारी एवं प्रधानाचार्य के मार्गदर्शन में किए जाएंगे।
प्रधानमंत्री ने विपक्ष की भूमिका को महत्वपूर्ण बताते हुए कहा—आप सवाल पूछते रहिए, हम जवाब देते रहेंगे और मिलकर विद्यालय को बेहतर बनाते रहेंगे।
उन्होंने कहा कि सत्ता पक्ष और विपक्ष अलग हो सकते हैं,लेकिन हमारा विद्यालय और हमारा लक्ष्य एक है।
उन्होंने छात्र युवा संसद की भावना को रेखांकित करते हुए कहा—प्रश्न भी होंगे, सुझाव भी होंगे और समाधान भी होंगे।
अंत में लोकसभा अध्यक्ष अदिति खंडूड़ी ने सदन में उठाए गए सवालों और सरकार की ओर से दिए गए जवाबों की प्रशंसा की तथा सदन की कार्यवाही स्थगित करने की घोषणा की।
उन्होंने बताया कि छात्र युवा संसद का अगला सत्र माह के अंतिम शनिवार को आयोजित किया जाएगा।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर आयोजित इस छात्र युवा संसद ने विद्यार्थियों को लोकतांत्रिक व्यवस्था, प्रश्न पूछने, तर्क प्रस्तुत करने, नेतृत्व करने और जिम्मेदारी निभाने का व्यावहारिक अनुभव दिया। साथ ही विद्यालय के विकास एवं विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर सार्थक चर्चा भी हुई।
प्रगति मीडिया उत्तराखंड टिहरी गढ़वाल से संपादक की रिपोर्ट।

