देहरादून, 25 अगस्त 2026।। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई उत्तराखंड मंत्रिमंडल की बैठक में राज्य के विकास, स्वास्थ्य, रोजगार, कार्मिक हित, ऊर्जा, शहरी विकास और सहकारिता सहित विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े 17 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर निर्णय लिए गए। बैठक में शहीद सैनिकों के सम्मान में उनके पैतृक गांवों में मूर्तियां स्थापित करने का भी महत्वपूर्ण फैसला लिया गया।
उत्तराखंड राज्य सहकारिता नीति-2026 को मंजूरी।
कैबिनेट ने राष्ट्रीय सहकारी नीति-2025 के अनुरूप उत्तराखंड राज्य सहकारिता नीति-2026 प्रख्यापित किए जाने को मंजूरी दी। नई नीति का उद्देश्य सहकारी संस्थाओं को पारदर्शी, जवाबदेह, तकनीक-सक्षम और आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है। इसमें महिला एवं युवा सशक्तीकरण, रोजगार सृजन, वित्तीय समावेशन, कृषि आधारित मूल्य श्रृंखला के विकास तथा पलायन से प्रभावित क्षेत्रों में पुनर्वास जैसे विषयों पर विशेष जोर दिया गया है।
सरकारी कर्मचारियों के वेतन मैट्रिक्स में संशोधन
कैबिनेट ने उत्तराखंड सरकारी सेवक वेतन नियमावली-2016 की अनुसूची-1 में वेतन मैट्रिक्स को संशोधित करने का निर्णय लिया है। लेवल-13 क के बाद जहां वर्तमान में सीधे लेवल-15 और लेवल-16 का प्रावधान था, वहां अब केंद्र सरकार के अनुरूप लेवल-14 और लेवल-15 किया जाएगा।
ग्रीन सेस में बदलाव, सीएनजी वाहनों को भी कर दायरे में लाने की तैयारी।
कैबिनेट ने मोटर वाहन कराधान व्यवस्था में बदलाव करते हुए हाईब्रिड और सीएनजी वाहनों को दी जा रही कर छूट को समाप्त करने के प्रस्ताव पर निर्णय लिया। सरकार का तर्क है कि वर्तमान परिस्थितियों में इन वाहनों की संख्या बढ़ने से राजस्व पर प्रभाव पड़ रहा है और इन्हें क्रमबद्ध तरीके से कराधान के दायरे में लाना आवश्यक है।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ा कदम—मेडिकल सप्लाइज कॉर्पोरेशन का गठन।
प्रदेश में दवाओं, सर्जिकल सामग्री, रसायन, चिकित्सा उपकरण और इंप्लांट की समयबद्ध एवं पारदर्शी खरीद के लिए उत्तराखंड मेडिकल सप्लाइज कॉर्पोरेशन के गठन के प्रस्ताव को कैबिनेट ने मंजूरी दी। इससे सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में आवश्यक चिकित्सा सामग्री की उपलब्धता बेहतर होने की उम्मीद है।
हरिद्वार में एनसीडीसी शाखा के लिए जमीन।
राजकीय मेडिकल कॉलेज हरिद्वार की 65 एकड़ भूमि में से एक एकड़ भूमि 99 वर्ष के लिए मात्र एक रुपये की लीज पर राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (NCDC) को देने पर सहमति दी गई। प्रस्तावित केंद्र में रोग निगरानी, महामारी की जांच और त्वरित प्रतिक्रिया के साथ बीएसएल-3 स्तर की प्रयोगशाला सुविधाएं विकसित की जाएंगी।
उपनल कर्मियों को समान कार्य के लिए समान वेतन।
कैबिनेट के सबसे महत्वपूर्ण फैसलों में से एक उपनल कर्मियों को समान कार्य के लिए समान वेतन देने से जुड़ा है। इसे तीन चरणों में लागू किया जाएगा।
1 जनवरी 2016 से पहले नियुक्त कर्मियों के संबंध में कार्रवाई वर्तमान में जारी है।
1 जनवरी 2016 से 12 नवंबर 2018 तक नियुक्त कर्मियों के लिए कार्रवाई 9 नवंबर 2026 से शुरू होगी।
13 नवंबर 2018 से 15 अक्टूबर 2024 तक नियुक्त कर्मियों के लिए कार्रवाई 1 अप्रैल 2027 से शुरू होगी।
इसके अलावा कृत्रिम ब्रेक की अवधि से संबंधित शर्त हटाने तथा पात्र पुराने उपनल कर्मियों को न्यूनतम वेतन और महंगाई भत्ते का लाभ देने का भी निर्णय लिया गया है।
सेवामुक्त अग्निवीरों के लिए बनेगा समर्पित प्रकोष्ठ
मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरूप सेवामुक्त अग्निवीरों को राज्य सरकार की योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए समर्पित प्रकोष्ठ स्थापित किया जाएगा। इसके प्रभावी संचालन के लिए छह संविदा पद सृजित किए जाएंगे, जिनमें एक उप निदेशक, दो सहायक निदेशक, दो कनिष्ठ सहायक और एक डाटा एंट्री ऑपरेटर शामिल हैं।
शहरी आबादी का आधुनिक सर्वेक्षण होगा।
कैबिनेट ने उत्तराखंड आबादी सर्वेक्षण और अभिलेख संक्रिया नियमावली-2026 के प्रख्यापन को मंजूरी दी। इसके तहत आधुनिक तकनीक, जीआईएस, हवाई और ग्राउंड सर्वेक्षण के माध्यम से आबादी क्षेत्रों के भूमि अभिलेखों को अधिक सटीक एवं व्यवस्थित बनाने की दिशा में काम किया जाएगा।
रिस्पना किनारे की मलिन बस्ती के 116 परिवारों को आवास
देहरादून में रिस्पना नदी किनारे बसी मलिन बस्ती के चयनित लाभार्थियों के पुनर्वास के लिए काठबंगला में निर्मित 116 आवासों के आवंटन को कैबिनेट ने मंजूरी दी है।
यूयूएसडीए में 94 अस्थायी पदों का सृजन।
राज्य के विभिन्न नगर निकायों में पेयजल, सीवरेज, सड़क, स्ट्रीट लाइट, सार्वजनिक परिवहन और अन्य शहरी विकास परियोजनाओं के संचालन के लिए उत्तराखंड अर्बन सेक्टर डेवलपमेंट एजेंसी (UUSDA) के पुनर्गठन के साथ कुल 94 अस्थायी पदों के सृजन को मंजूरी दी गई।
उत्तरांचल विश्वविद्यालय के परिनियम को मंजूरी
उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम-2023 के तहत उत्तरांचल विश्वविद्यालय, देहरादून से संबंधित परिनियम-2026 के प्रख्यापन को भी कैबिनेट ने मंजूरी दी।
ऊर्जा क्षेत्र में 1320 मेगावाट बिजली खरीद को मंजूरी।
उत्तराखंड पावर कॉर्पोरेशन लिमिटेड द्वारा ऊर्जा सुरक्षा और विश्वसनीय बेस-लोड बिजली की उपलब्धता के लिए 1320 मेगावाट कोयला आधारित बिजली खरीदने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई। यह बिजली अडानी पावर लिमिटेड से ₹5.746 प्रति यूनिट के कुल टैरिफ पर 25 वर्षों के लिए खरीदी जाएगी। इसमें 1234 मेगावाट अनुबंधित क्षमता होगी।
सीड्स कॉरपोरेशन के 85 कर्मचारियों का अन्य विभागों में स्थानांतरण।
उत्तराखंड सीड्स एंड तराई डेवलपमेंट कॉरपोरेशन में कार्यरत 22 तृतीय श्रेणी और 63 चतुर्थ श्रेणी के कार्मिकों को जरूरत के अनुसार अन्य विभागों में अधिकतम 10 वर्ष अथवा सेवानिवृत्ति से तीन माह पूर्व तक सेवा स्थानांतरण के आधार पर भेजने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
कारागार विभाग की सेवा नियमावली में संशोधन
उप कारापाल के पदों पर पदोन्नति कोटे में 90 प्रतिशत प्रधान बंदीरक्षक और 10 प्रतिशत महिला बंदीरक्षक के लिए प्रावधान किए जाने को मंजूरी दी गई।
लोकायुक्त खोजबीन समिति के लिए नियमावली।
लोकायुक्त के अध्यक्ष एवं सदस्यों के चयन के लिए नामों का पैनल तैयार करने वाली खोजबीन समिति की कार्यविधि, सदस्यों के भत्ते और पैनल चयन की प्रक्रिया निर्धारित करने के लिए नियमावली-2026 तैयार किए जाने को मंजूरी दी गई।
अंत्योदय फाउंडेशन को स्टाम्प शुल्क में छूट।
ऋषिकेश के वीरभद्र क्षेत्र में कैंसर रोगियों के लिए Hospice Care Center स्थापित करने के उद्देश्य से अंत्योदय फाउंडेशन के पक्ष में की जाने वाली Gift Deed पर ₹8,87,050 के स्टाम्प शुल्क से छूट देने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
शहीद सैनिकों की स्मृति में पैतृक गांवों में लगेंगी मूर्तियां।
कैबिनेट बैठक का एक महत्वपूर्ण निर्णय राज्य के शहीद सैनिकों के सम्मान से जुड़ा रहा। सरकार शहीद सैनिकों की मूर्तियां उनके पैतृक गांवों में स्थापित करेगी। सरकार का उद्देश्य शहीदों के बलिदान और वीरता को नई पीढ़ी तक पहुंचाना तथा उनके परिजनों के प्रति सम्मान व्यक्त करना है।
इन फैसलों से स्वास्थ्य सेवाओं की आपूर्ति व्यवस्था, कार्मिक हित, उपनल कर्मचारियों के वेतन, अग्निवीरों के पुनर्वास, शहरी विकास, ऊर्जा सुरक्षा और सहकारिता क्षेत्र को नई दिशा मिलने की उम्मीद है।
प्रगति मीडिया उत्तराखंड से संपादक की रिपोर्ट।

